फोरलेन का विस्तार; उजड़ेगा शाहपुर बाजार, फूटा लोगों के गुस्से का गुबार

शाहपुर। पठानकोट-मटौर एनएच विस्तारीकरण के लिए चिन्हित की गई भूमि से शाहपुर में लोगों का गुस्सा फूटने लगा है। वीरवार को कई लोगों ने इसके विरोध में एसडीएम शाहपुर को ज्ञापन सौंपकर आपत्ति जताई है। लोगों का कहना है कि एनएच विस्तारीकरण के लिए मौजूदा सड़क के एक तरफ ही भूमि का अधिग्रहण किया जा
 

शाहपुर। पठानकोट-मटौर एनएच विस्तारीकरण के लिए चिन्हित की गई भूमि से शाहपुर में लोगों का गुस्सा फूटने लगा है। वीरवार को कई लोगों ने इसके विरोध में एसडीएम शाहपुर को ज्ञापन सौंपकर आपत्ति जताई है। लोगों का कहना है कि एनएच विस्तारीकरण के लिए मौजूदा सड़क के एक तरफ ही भूमि का अधिग्रहण किया जा रहा है। यह फैसला न्यायसंगत नहीं है। लोगों का कहना है कि इससे कई लोगों को विस्थापित होना पड़ेगा। उनका व्यापार भी समाप्त हो जाएगा। ज्ञापन में प्लान पर पुनर्विचार कर एनएच विस्तारीकरण के लिए वैकल्पिक व्यवस्था बनाने का भी आग्रह किया है।

 

 

ज्ञापन में कहा गया है कि मौजूदा सड़क लगभग 30 मीटर है। उसी में सड़क का विस्तार किया जाए तो उन्हें आपत्ति नहीं होगी। लोगों का कहना है कि बाजार में फ्लाईओवर या वाईपास की व्यवस्था की जा सकती है। शाहपुर के पूर्व प्रधान अजय पंकिल ने कहा कि हम विकास के विरोधी नहीं हैं, परंतु एनएच विस्तारीकरण में लोगों को कम नुकसान हो, यह सुनिश्चित होना चाहिए। उन्होंने कहा कि काफी समय से शाहपुर के लोगों को आश्वस्त किया जाता रहा है कि फोरलेन विस्तारीकरण से किसी का ना तो निर्माण गिरेगा और ना ही कोई विस्थापित होगा, परन्तु स्तिथि विपरीत हो गई है ।

 

 

 

मामले पर तुरंत किया जाए पुनर्विचार

उन्होंने कहा कि विभाग इस पर पुनः विचार करे । कमल पाधा, मेघनाथ शर्मा, मोहिन्द्र शर्मा, आशीष पटियाल, जितेंद्र महाजन, रामस्वरूप शांडिल, सुनील वर्मा, अश्वनी चौधरी, नवनीत शर्मा, कमल कौशल, जोधा राम, सन्दीप शांडिल, राकेश चौहान, क्रांति अवस्थी, संजीव कौशल, जगदीश दीशा, आशीष कौशल, शानू कौशल, हरीश महाजन, विपुल महाजन, मनोज चौधरी, संजय शर्मा, अजय महाजन, रविन्द्र तथा एमके शर्मा सहित करीब तीन दर्जन लोगों ने फोरलेन के लिए भूमि अधिग्रहण मामले में तुरन्त पुनर्विचार करने का आग्रह किया है ।

 

 

विस्थापित होंगे शाहपुर बाजार के लोग

लोगों ने कहा कि पूर्व में विभाग के आश्वासन से निश्चिंत थे, परंतु अब नए फरमानों से चिंतित और आहत हुए हैं । उन्होंने कहा कि जिस तरह से किया जा रहा है, उससे तो शाहपुर बाजार ही उजड़ जाएगा। लोगों को यहां से विस्थापित होना पड़ेगा। लोगों का व्यापार काम-धंधा सब चौपट हो जाएगा। उन्होंने कहा कि लोगों को प्रभावित और विस्थापित होने से बचाने के लिए न्यायसंगत निर्णय लिया जाए। उन्होंने यह भी आग्रह किया है कि यदि ट्रक लेन बनाना प्रस्तावित है तो यह रिहायशी क्षेत्र से बाहर बनाया जाए।

 

 

क्षेत्र के लोगों की मांग को शीघ्र ही उच्च स्तर तक पहुंचाया जाएगा, ताकि उनकी मांग के अनुसार कार्य हो सके।
-डॉ. मुरारी लाल, एसडीएम शाहपुर।