होम आइसोलेट कोरोना संक्रमितों का स्थानीय प्रतिनिधि रखें ख्याल
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने सभी नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों से कहा है कि कोविड-19 के कारण होम आइसोलेशन (home isolate) में रखे गए मरीजों (corona infected) के परिवारों के साथ निरंतर संपर्क में रहें। यह भी ध्यान रखें कि (home isolate) उन्हें किसी भी तरह की परेशानी न हो और उचित परामर्श के साथ उपचार की सुविधा मिले। मुख्यमंत्री ने शिमला से वर्चुअल माध्यम से शहरी स्थानीय निकायों के सदस्यों के साथ कोविड-19 (corona infected) की स्थिति को लेकर समीक्षा बैठक की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि महामारी को फैलने से रोकने और संकट में फंसे लोगों की सहायता करने में लोगों में जो उत्साह पिछले वर्ष देखा गया था, वह इस बार कम देखने का मिल रहा है। उन्होंने शहरी निकायों के चयनित प्रतिनिधियों से संकट के समय में जरूरतमंदों की सहायता करने के लिए आगे आने को कहा। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाने चाहिए कि प्रवासी मजदूरों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े और उन्हें प्रदेश में ही रुकने के लिए प्रेरित किया जाना चाहिए। सीएम ने जन प्रतिनिधियों से लोगों को टीकाकरण के लिए आगे आने के लिए प्रेरित करने को कहा।
वृद्धजन और दिव्यांगों की करें सहायता
उन्होंने कहा कि वृद्धजन और दिव्यांगों को टीकाकरण केंद्रों तक पहुंचने में सहायता प्रदान की जानी चाहिए, ताकि उन्हें कोविड-19 की खुराक समय पर दी जा सके। गरीब और जरूरतमंदों को फेस मास्क, हैंड सेनेटाइजर और फूड किट्स वितरित करने के लिए आगे आना चाहिए। संक्रमण से सफाई कर्मचारियों का बचाव सुनिश्चित करने के लिए उचित सुरक्षा उपकरण उपलब्ध करवाने जाने चाहिए।
यह भी पढ़ेंः-सुधीर शर्मा ने अपने आवास को कोविड केयर सेंटर बनाने का दिया ऑफर
कार्यक्रमों में 50 से अधिक लोग शामिल न हों
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के औद्योगिक क्षेत्रों में बेहतर निगरानी सुनिश्चित करने के लिए उचित कदम उठाए जाने चाहिए, ताकि प्रवासी मजदूरों को संक्त्रमण से बचाया जा सके। शहरों और नगर निगमों की नियमित सेनेटाइजेशन करने के अलावा यह भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि सामाजिक कार्यक्रमों में 50 से अधिक लोग शामिल न हों।