कोरोना संकट के बीच हिमाचल के हजारों कर्मचारियों को तोहफा, सभी होंगे रेगुलर
शिमला। कोरोना संकट के बीच हिमाचल सरकार के हजारों कर्मचारियों को बड़ा तोहफा दिया गया है। 31 मार्च और 30 सितंबर को तीन साल का अनुबंध सेवाकाल पूरा करने वाले हिमाचल सरकार के कर्मी अब नियमित होंगे। इन्हीं तिथियों में पांच साल का अनुबंध सेवाकाल पूरा करने वाले दैनिक वेतन भोगी एवं कंटीजेंट पेड कर्मचारी भी नियमित कर दिए जाएंगे।
︎राज्य में मत्स्य गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए हिमाचल प्रदेश फिशरीज रूल्ज, 2020 को स्वीकृति।
︎कसौली के देवठी में पशु औषधालय को पशु अस्पताल में स्तरोन्नत करने व आवश्यक पदों को सृजित करने को मंजूरी ।
︎स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग में करूणामूलक आधार पर भरे जाएंगे लिपिकों के 13 पद।
︎सैनिक कल्याण विभाग में HPSSC के माध्यम से नियमित आधार पर भरा जाएक निदेशक का एक पद।
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में शनिवार को कैबिनेट की हुई बैठक में यह निर्णय लिए गए। पांच घंटे चली बैठक के दौरान सरकारी और गैर सरकारी कार्यक्रमों में गुलदस्ते, टोपी और शॉल ओढ़ाने की रस्म पर भी प्रतिबंध लगा दिया। बैठक में कोरोना वायरस के एग्जिट प्लान को 20 अप्रैल से लागू करने पर चर्चा हुई। अतिरिक्त मुख्य सचिव रामसुभग सिंह की अध्यक्षता में बनी टास्क फोर्स को इसे वैट करने के निर्देश जारी किए। बैठक में सीएम और सभी मंत्री मास्क पहनकर आए थे।
कोरोना के खिलाफ लड़ाई में सहयोग के लिए शुक्रिया
मंत्रिमंडल ने प्रधानमंत्री द्वारा समय पर उठाए गए कदमों और आम जनता से जहां हैं, वहीं बने रहने के आग्रह के लिए धन्यवाद किया। मंत्रिमंडल ने प्रदेश के विभिन्न गैर सरकारी संगठनों, सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं का भी कोविड-19 महामारी के विरूद्ध लड़ाई में सहयोग देने के लिए आभार व्यक्त किया। मंत्रिमंडल ने लोगों से पीएम केयर्ज फंड के लिए अंशदान देने का आग्रह किया। उन्होंने लोगों से आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड करने और अपनी सुरक्षा के लिए फेस कवर इस्तेमाल करने का आग्रह किया। मंत्रिमंडल ने केंद्र सरकार का प्रदेश को उदार वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए भी धन्यवाद किया।